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  • 70वें रेल सप्ताह में समस्तीपुर मंडल का दबदबा, 12 शील्ड जीतकर रचा इतिहास

    70वें रेल सप्ताह में समस्तीपुर मंडल का दबदबा, 12 शील्ड जीतकर रचा इतिहास

    समस्तीपुर। पूर्व मध्य रेलवे के 70वें रेल सप्ताह समारोह में समस्तीपुर मंडल ने अपनी कार्यकुशलता और समर्पण का लोहा मनवाते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। रेलवे द्वारा आयोजित इस भव्य समारोह में मंडल को विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए कुल 12 विशिष्ट रेल सेवा पुरस्कार (VRSP) शील्ड से नवाजा गया। यह उपलब्धि मंडल के अधिकारियों और कर्मचारियों के सामूहिक प्रयास, तकनीकी दक्षता और यात्रियों के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का परिणाम मानी जा रही है। रेल प्रशासन ने इसे मंडल के गौरवशाली इतिहास में एक नए अध्याय के रूप में देखा है।

    समारोह के दौरान वाणिज्यिक और व्यवसायिक विकास के क्षेत्र में मंडल का प्रदर्शन सराहनीय रहा। वरीय मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्रीमती अनन्या स्मृति के नेतृत्व में वाणिज्य विभाग ने न केवल ‘वाणिज्यिक दक्षता शील्ड’ जीती, बल्कि ‘बेस्ट परफॉर्मेंस इन बिजनेस डेवलपमेंट’ का खिताब भी अपने नाम किया। इसके अतिरिक्त, मंडल रेल प्रबंधक श्री ज्योति प्रकाश मिश्रा और अपर मंडल रेल प्रबंधक श्री सन्नी सिन्हा के मार्गदर्शन में राजभाषा विभाग को ‘राजभाषा अन्तर डिविजिनल दक्षता शील्ड’ प्रदान की गई। इंजीनियरिंग और बुनियादी ढांचे के विकास के लिए वरीय मंडल इंजीनियर (समन्वय) श्री संजय कुमार को ‘इंजीनियरिंग दक्षता शील्ड’ से सम्मानित किया गया।

    संसाधनों के प्रबंधन और तकनीकी सेवाओं में भी समस्तीपुर मंडल अग्रणी रहा। भंडार विभाग ने श्री गौरव कुमार सिंह के नेतृत्व में ‘स्क्रैप निस्तारण शील्ड’ जीती, जबकि चिकित्सा सेवाओं में बेहतरीन कार्य के लिए मुख्य चिकित्सा अधीक्षक श्री सुनील कुमार को ‘चिकित्सा दक्षता शील्ड’ सौंपी गई। सिग्नल एवं दूरसंचार विभाग को पंकज कुमार के नेतृत्व में दूरसंचार दक्षता के लिए पुरस्कृत किया गया। यांत्रिक विभाग ने भी अपनी धाक जमाई, जिसमें श्री दुर्गेश कुमार सिंह के नेतृत्व में ‘बेस्ट कोचिंग डिपो’ और ‘स्टेशन साफ-सफाई (सलौना)’ के लिए शील्ड प्राप्त की गई। वहीं, श्री अरविंद कुमार के नेतृत्व में ‘बेस्ट डीजल शेड’ का पुरस्कार समस्तीपुर के खाते में आया।

    मंडल की इस चौमुखी सफलता में परिचालन और सुरक्षा व्यवस्था का भी विशेष योगदान रहा। परिचालन विभाग को वरीय मंडल परिचालन प्रबंधक श्री विजय प्रकाश के नेतृत्व में ‘समग्र दक्षता शील्ड’ प्रदान की गई। विद्युत (ओपी) विभाग ने नरकटियागंज के लिए ‘बेस्ट रनिंग रूम’ का पुरस्कार जीता। इन पुरस्कारों को ग्रहण करते समय टीम वर्क की अनूठी मिसाल देखने को मिली, जहाँ मंडल रेल प्रबंधक ने संबंधित शाखाधिकारियों के साथ संयुक्त रूप से पुरस्कार स्वीकार किए। इस अवसर पर श्री ज्योति प्रकाश मिश्रा ने कहा कि यह सम्मान हर उस रेलकर्मी का है जिसने विपरीत परिस्थितियों में भी सेवा को सर्वोपरि रखा।

    शील्ड के साथ-साथ व्यक्तिगत उत्कृष्टता को भी महाप्रबंधक द्वारा सराहा गया। मंडल के 12 अधिकारियों एवं कर्मचारियों को उनके व्यक्तिगत विशिष्ट कार्यों के लिए पुरस्कृत किया गया। इनमें वरीय मंडल सामग्री प्रबंधक श्री गौरव कुमार सिंह, वरीय मंडल इंजीनियर श्री उत्कर्ष कुमार और सहायक कार्मिक अधिकारी श्री त्रिलोकनाथ वर्मा सहित लेखा, कार्मिक, सुरक्षा और तकनीकी विभागों के कर्मचारी शामिल हैं। यह समारोह समस्तीपुर मंडल की उस निरंतर यात्रा का प्रमाण है, जो भविष्य में सुरक्षित और आधुनिक रेल यात्रा सुनिश्चित करने की दिशा में तेजी से बढ़ रही है।

  • वाराणसी-पटना-सिलीगुड़ी बुलेट ट्रेन को मिली हरी झंडी, समस्तीपुर मंडल के मानसी स्टेशन होकर गुजरेगी

    वाराणसी-पटना-सिलीगुड़ी बुलेट ट्रेन को मिली हरी झंडी, समस्तीपुर मंडल के मानसी स्टेशन होकर गुजरेगी

    विशेष संवाददाता, समस्तीपुर/पटना : बिहार के रेल यातायात के इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है। केंद्र सरकार द्वारा पेश किए गए ताजा बजट में समस्तीपुर रेल मंडल समेत पूरे बिहार के लिए सौगातों की बौछार कर दी गई है। इस बजट की सबसे बड़ी और ऐतिहासिक घोषणा बिहार की पहली बुलेट ट्रेन को लेकर है। यह हाई-स्पीड ट्रेन वाराणसी से पटना होते हुए पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी तक चलेगी, जिसका एक प्रमुख स्टॉपेज समस्तीपुर रेल मंडल के मानसी स्टेशन पर होने की प्रबल संभावना है।

    रेलवे मंत्री की इस बड़ी घोषणा के बाद रेलवे प्रशासन ने धरातल पर तैयारी तेज कर दी है। डीआरएम ज्योति प्रकाश मिश्रा ने इस परियोजना की पुष्टि करते हुए बताया कि बिहार के रेल विकास के लिए सरकार पूरी तरह गंभीर है।

    बिहार को मिला ₹10,379 करोड़ का विशेष फंड

    डीआरएम ज्योति प्रकाश मिश्रा ने प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि इस वित्तीय वर्ष में बिहार में रेलवे के विस्तार और आधुनिकीकरण के लिए 10,379 करोड़ रुपए का बजट आवंटित किया गया है।

    उन्होंने आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि वर्तमान में समस्तीपुर समेत बिहार के विभिन्न रेल मंडलों में करीब 19,158 करोड़ रुपए की लागत से दर्जनों प्रोजेक्ट्स पर काम चल रहा है। राज्य में पहले से ही 14 वंदे भारत और 21 अमृत भारत ट्रेनों का सफल परिचालन किया जा रहा है, जो यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं प्रदान कर रही हैं।

    हाई-स्पीड कॉरिडोर: 3 घंटे से भी कम में पटना से सिलीगुड़ी

    बुलेट ट्रेन परियोजना बिहार के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। वाराणसी-पटना-सिलीगुड़ी रूट के लिए एक विशेष हाई-स्पीड कॉरिडोर का निर्माण किया जाएगा।

    • समय की बचत: वर्तमान में पटना से सिलीगुड़ी जाने में यात्रियों को 8 से 10 घंटे का समय लगता है, लेकिन बुलेट ट्रेन इस दूरी को मात्र 2 घंटे 55 मिनट में समेट देगी।
    • मानसी स्टेशन का महत्व: यह ट्रेन समस्तीपुर रेल मंडल के मानसी स्टेशन होकर गुजरेगी, जिससे खगड़िया, सहरसा और आसपास के जिलों के यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा।

    पिंक बुक का इंतजार: इन योजनाओं को मिलेगी गति

    डीआरएम ने बताया कि अगले एक-दो दिनों के भीतर रेलवे की आधिकारिक ‘पिंक बुक’ जारी कर दी जाएगी, जिससे स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो जाएगी। समस्तीपुर रेल मंडल के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाओं में फंड मिलने की उम्मीद है:

    1. हसनपुर-सकरी नई रेल लाइन: इस पुरानी परियोजना को बजट मिलने से काम में तेजी आएगी।
    2. दोहरीकरण परियोजना: समस्तीपुर-दरभंगा और मानसी-सहरसा रेलखंड के दोहरीकरण कार्य को अंतिम मंजूरी मिलने की संभावना है।
    3. जाम से मुक्ति: समस्तीपुर के अटेरन चौक पर आरओबी (ROB) निर्माण के लिए राइट्स (RITES) की टीम सर्वे कर रही है। मंजूरी मिलते ही निर्माण शुरू होगा, जिससे शहरवासियों को जाम से बड़ी राहत मिलेगी।
  • बिथान रेलवे स्टेशन पर पहली बार ध्वजारोहण, भावुक हुए स्टेशन अधीक्षक मनोज कुमार चौधरी

    बिथान रेलवे स्टेशन पर पहली बार ध्वजारोहण, भावुक हुए स्टेशन अधीक्षक मनोज कुमार चौधरी

    1. बिथान  :- स्वतंत्रता दिवस का पर्व इस बार बिथानवासियों के लिए अविस्मरणीय बन गया। आज़ादी के बाद पहली बार बिथान रेलवे स्टेशन पर ध्वजारोहण का ऐतिहासिक आयोजन हुआ। जैसे ही स्टेशन अधीक्षक मनोज कुमार चौधरी ने तिरंगा फहराया, उनकी आंखों से खुशी के आँसू छलक पड़े और ग्रामीणों एवं रेल पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए उनका गला भर आया। उन्होंने कहा कि यह क्षण उनके जीवन का सबसे गर्वित पल है।

    उल्लेखनीय है कि महज चार माह पूर्व ही बिथान स्टेशन से रेल परिचालन की शुरुआत हुई है। ऐसे में स्वतंत्रता दिवस का यह पहला समारोह यहाँ के लिए ऐतिहासिक महत्व रखता है। स्टेशन परिसर देशभक्ति गीतों और नारों से गूंज उठा। बच्चे, महिलाएं और बुजुर्ग सभी तिरंगे की शान में सराबोर दिखे। ध्वजारोहण कार्यक्रम की देखरेख पॉइंटमैन राम उदगार चौपाल कर रहे थे।

    समारोह में बड़ी संख्या में ग्रामीणों के साथ-साथ क्षेत्र के गणमान्य लोग भी शामिल हुए। इस अवसर पर भाजपा उपाध्यक्ष सनातन कुमार, अधिवक्ता आकाश कुमार, अधिवक्ता सूरज जायसवाल, शुभम कुमार, अभिषेक कुमार, मनीष कुमार, अमन कुमार, आलोक कुमार, मनीष पंजियार, राम ज्ञानी कुमार सहित कई समाजसेवी उपस्थित रहे।

    ग्रामीणों ने बताया कि यह पल पूरे क्षेत्र के लिए गर्व और भावनाओं से जुड़ा हुआ है। लंबे समय के इंतजार के बाद रेल परिचालन शुरू होना और अब तिरंगे का पहली बार स्टेशन पर लहराना – दोनों घटनाएँ बिथान के इतिहास में सुनहरे अध्याय के रूप में दर्ज हो गईं।

  • रेल बजट 2025: समस्तीपुर रेल मंडल को मिले करोड़ों रुपये, दरभंगा-रक्सौल दोहरीकरण और नई रेल लाइनों को मंजूरी – Rail Budget 2025

    रेल बजट 2025: समस्तीपुर रेल मंडल को मिले करोड़ों रुपये, दरभंगा-रक्सौल दोहरीकरण और नई रेल लाइनों को मंजूरी – Rail Budget 2025

    समस्तीपुर, 16 मई 2025:
    पूर्व मध्य रेलवे के समस्तीपुर रेल मंडल के लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 का रेल बजट क्षेत्रीय रेल नेटवर्क के विस्तार और आधुनिकीकरण के लिए एक महत्वपूर्ण कदम साबित होने जा रहा है। पूर्व मध्य रेलवे के “कंसोलिडेटेड बजट स्टेटमेंट” के अनुसार, इस बजट में समस्तीपुर मंडल को नई रेल लाइनों, दोहरीकरण, और आमान परिवर्तन जैसे महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट्स के लिए करोड़ों रुपये का आवंटन किया गया है। यह बजट न केवल बुनियादी ढांचे को मजबूत करेगा, बल्कि यात्री सुविधाओं और सुरक्षा उपायों में भी सुधार लाएगा।

    नई रेल लाइनों के लिए आवंटन:

    • सकरी-हसनपुर (79 किमी): 38.24 करोड़ रुपये
    • मुजफ्फरपुर-सीतामढ़ी (63 किमी): 0.20 करोड़ रुपये
    • खगड़िया-कुशेश्वरस्थान (44 किमी): 34.23 करोड़ रुपये
    • कोसी पुल: 63.79 करोड़ रुपये
    • दरभंगा-कुशेश्वर स्थान (70.14 किमी): 1.10 करोड़ रुपये
    • सीतामढ़ी-जयनगर-निर्मली वाया सुरसंड (188 किमी): 1.10 करोड़ रुपये
    • अररिया-सुपौल (92 किमी): 2 करोड़ रुपये
    • कुर्सेला-बिहारीगंज (35 किमी): 1.10 करोड़ रुपये
    • मुजफ्फरपुर-दरभंगा (66.9 किमी): 1.10 करोड़ रुपये

    दोहरीकरण और सर्वेक्षण के लिए आवंटन:

    • नरकटियागंज-रक्सौल-सीतामढ़ी-दरभंगा और सीतामढ़ी-मुजफ्फरपुर (255.5 किमी) दोहरीकरण: 3.19 करोड़ रुपये (अंतिम स्थान सर्वेक्षण)
    • रक्सौल-काठमांडू विद्युतीकृत रेल संपर्क (136 किमी): 41 करोड़ रुपये (विदेश मंत्रालय द्वारा वित्त पोषित)
    • लहेरियासराय-सहरसा (100 किमी): 2.50 करोड़ रुपये (अंतिम स्थान सर्वेक्षण)
    • दरभंगा-सकरी (21 किमी) दोहरीकरण: 0.42 लाख रुपये (एफएलएस)
    • मानसी-सहरसा (45 किमी) दोहरीकरण: 0.90 लाख रुपये (एफएलएस)
    • सकरी-जयनगर (48 किमी) दोहरीकरण: 0.96 लाख रुपये (एफएलएस)

    आमान परिवर्तन के लिए आवंटन:

    • मानसी-सहरसा, सहरसा-दौरम मधेपुरा-पूर्णिया (143 किमी): 40 करोड़ रुपये
    • जयनगर-दरभंगा-नरकटियागंज (268 किमी): 60 करोड़ रुपये
    • सकरी-लौकहा बाजार-निर्मली और सहरसा-फारबिसगंज (206.06 किमी): 50 करोड़ रुपये

    दोहरीकरण के लिए बड़े प्रोजेक्ट्स:

    • नरकटियागंज-रक्सौल-सीतामढ़ी-दरभंगा और सीतामढ़ी-मुजफ्फरपुर (256 किमी): 4,079.95 करोड़ रुपये
    • बैजनाथपुर-अंदोली और झाझा के बीच सरायगढ़ में बाईपास लाइन (5.42 किमी): 79.15 करोड़ रुपये

    बजट का कुल आबंटन:

    वित्तीय वर्ष 2025-26 में समस्तीपुर रेल मंडल के लिए कुल 3,02,100 करोड़ रुपये की प्राप्तियां अनुमानित हैं, जिसमें 2,26,256 करोड़ रुपये सामान्य कार्य व्यय और 2,000 करोड़ रुपये रेलवे रिजर्व सेफ्टी फंड (RRSK) के लिए आवंटित किए गए हैं।

    यह बजट समस्तीपुर मंडल को भारतीय रेलवे के नक्शे पर एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। नई रेल लाइनों और दोहरीकरण परियोजनाओं से स्थानीय अर्थव्यवस्था को बल मिलेगा और यात्रियों को बेहतर सुविधाएं प्राप्त होंगी।

  • अब ललितग्राम से चलेगी वैशाली सुपरफास्ट एक्सप्रेस, ललितग्राम को मिला नई दिल्ली की ट्रेन – Lalitgram New Delhi Special

    अब ललितग्राम से चलेगी वैशाली सुपरफास्ट एक्सप्रेस, ललितग्राम को मिला नई दिल्ली की ट्रेन – Lalitgram New Delhi Special


    सुपौल: सहरसा और नई दिल्ली के बीच चलने वाली गाड़ी संख्या 12533 और 12534 वैशाली सुपरफास्ट एक्सप्रेस का विस्तार ललितग्राम तक किया गया है। अब यह ट्रेन सहरसा और नई दिल्ली के बीच एक स्पेशल ट्रेन नम्बर से चलेगी। इसको लेकर अधिसूचना जारी कर दी गई है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक सहरसा यार्ड रिमाडलिंग का कार्य होना है इसलिए कुछ ट्रेनों का विस्तार सरायगढ़ या ललितग्राम तक किया जा रहा है। इसको लेकर अधिसूचना जारी कर दी गई है।

    ललितग्राम से नई दिल्ली की ओर

    गाड़ी संख्या 05515 ललितग्राम-सहरसा स्पेशल 19 मई से प्रतिदिन ललितग्राम से सुबह 03ः45 बजे खुलेगी जो प्रतापगंज 04ः00 बजे, राघोपुर 04ः13 बजे, सरायगढ़ 04ः28 बजे, सुपौल 04ः58 बजे, गढ़बरूआरी 05ः10 बजे होते हुए सुबह 05ः55 बजे सहरसा पहुंचेगी। यहां से यही ट्रेन गाड़ी संख्या 12553 सहरसा – नई दिल्ली वैशाली सुपरफास्ट एक्सप्रेस बनकर सीधे नई दिल्ली तक जायेगी।

    नई दिल्ली से सहरसा की ओर

    वहीं गाड़ी संख्या 12554 नई दिल्ली – सहरसा वैशाली सुपरफास्ट एक्सप्रेस अपने पूर्व निर्धारित समय से नई दिल्ली 20ः40 से खुलकर सहरसा 20ः20 बजे पहुंचेगी। सहरसा पहुंचने के बाद यही ट्रेन गाड़ी संख्या 05514 सहरसा – सरायगढ़ स्पेशल बनकर रात्री 20ः45 बजे खुलेगी जो गढ़बरूआरी 21ः03 बजे, सुपौल 22ः15 बजे होते हुए सरायगढ़ 22ः15 बजे पहुंचेगी।

    यहां से यह गाड़ी एक नया ट्रेन नम्बर 05513 सरायगढ़ – सहरसा स्पेशल बनकर सुबह 05ः50 बजे खुलेगी जो सुपौल 06ः18 बजे गढ़बरूआरी 06ः30 बजे होते हुए सहरसा 07ः05 बजे पहुंचेगी।

    सहरसा पहुंचने के बाद इस रैक का सहरसा में सफाई और मेंटेनेंस होगा जो पुनः सहरसा से सहरसा ललितग्राम स्पेशल 05516 बनकर शाम 16ः00 बजे खुलेगी जो गढ़बरूआरी 16ः18 बजे, सुपौल 17ः05 बजे, सरायगढ़ 17ः05 बजे, राघोपुर 17ः23 बजे, प्रतापगंज 17ः38 बजे होते हुए ललितग्राम 18ः10 बजे पहुंचेगी। जो अगले दिन फिर ललितग्राम से सुबह 03ः45 बजे गाड़ी संख्या 05515 बजे खुलेगी जो नई दिल्ली तक सीधे जाएगी।

  • समस्तीपुर में ऑल इंडिया ओबीसी रेलवे इम्प्लाइज एसोसियेशन की बैठक: कर्मचारी कल्याण पर चर्चा

    समस्तीपुर में ऑल इंडिया ओबीसी रेलवे इम्प्लाइज एसोसियेशन की बैठक: कर्मचारी कल्याण पर चर्चा

    समस्तीपुर, 07 मई 2025: मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय के मंथन सभागार में ऑल इंडिया ओबीसी रेलवे इम्प्लाइज एसोसियेशन की एक महत्वपूर्ण बैठक मंडल रेल प्रबंधक विनय श्रीवास्तव की अध्यक्षता में आयोजित की गई। इस बैठक में रेलवे कर्मचारियों के कल्याण और कार्यस्थल सुधार से संबंधित 22 बिंदुओं पर विस्तृत चर्चा हुई।

    बैठक का प्रारंभ और प्रमुख चर्चाएं

    बैठक की शुरुआत एसोसियेशन के मंडल अध्यक्ष के संबोधन के साथ हुई, जिसमें मंडल मंत्री महेश कुमार ने कर्मचारियों की समस्याओं को रेखांकित किया। मंडल रेल प्रबंधक के निर्देश पर वरिष्ठ अधिकारियों, जिसमें वरिष्ठ मंडल कार्मिक अधिकारी, सहायक कार्मिक अधिकारी, सीनियर डीईएन कॉर्डिनेशन, वरिष्ठ परिचालन प्रबंधक, वरिष्ठ मंडल विद्युत इंजीनियर, वरिष्ठ मंडल वित्त प्रबंधक, वरिष्ठ मंडल यांत्रिक इंजीनियर, और वरिष्ठ मंडल इलेक्ट्रिक इंजिनियर (ओपी) शामिल थे, ने सभी मुद्दों पर विचार-विमर्श कर समाधान प्रस्तुत किए।

    पोस्ट हाईलाइट: बैठक में कर्मचारियों की समय पर पदोन्नति, रेलवे आवास की मरम्मत, शुद्ध पेयजल की व्यवस्था, और सहरसा में नियमित डॉक्टर की उपलब्धता जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर ध्यान केंद्रित किया गया।

    प्रमुख मुद्दे और समाधान

    बैठक में निम्नलिखित मुद्दों पर गहन चर्चा हुई:

    • कर्मचारियों की समय पर पदोन्नति सुनिश्चित करना।
    • रेलवे आवास और कॉलोनी की चारदीवारी की मरम्मत और निर्माण।
    • कार्यस्थल और रेलवे आवास में शुद्ध पेयजल की व्यवस्था।
    • ओबीसी एसोसियेशन के लिए कार्यालय आवंटन और पूर्व कार्यालय की मरम्मत।
    • सहरसा में कर्मचारियों के लिए समयोपरि भत्ता और नियमित डॉक्टर की उपलब्धता।
    • मेडिकल चिकित्सालय में दवा वितरण काउंटर को सुगम और पारदर्शी बनाना।
    • दरभंगा और जयनगर समाधि डिपो में लंच रूम की व्यवस्था।
    • रेल आवास आवंटन समिति और कॉलोनी केयर कमिटी का गठन।

    मंडल रेल प्रबंधक विनय श्रीवास्तव ने सभी समस्याओं के शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया।

    उपस्थित पदाधिकारी

    बैठक में मंडल मंत्री महेश कुमार, मंडल अध्यक्ष शैलेन्द्र कुमार, कार्यकारी अध्यक्ष विनय कुमार के साथ-साथ अन्य पदाधिकारी जैसे अजय राय, विजय चौरसिया, शिवशंकर यादव, अवधेश कुमार शर्मा, शशि कुमार, विभूति कुमार, बिनोद यादव, वेद प्रकाश, अंगद कुमार, पुष्पक कुमार, मनीष कुमार यादव, इंद्रजीत कुमार, कबीद्र कुमार, और जावेद आलम उपस्थित थे।

  • समस्तीपुर रेल मंडल: ‘लाल गाड़ी’ ने बिना टिकट यात्रियों पर कसा शिकंजा, ₹68,005 का जुर्माना वसूला

    समस्तीपुर रेल मंडल: ‘लाल गाड़ी’ ने बिना टिकट यात्रियों पर कसा शिकंजा, ₹68,005 का जुर्माना वसूला

    समस्तीपुर रेल मंडल ने बिना टिकट यात्रा करने वालों के खिलाफ अपनी मुहिम को और तेज कर दिया है। 27 अप्रैल, 2025 को दरभंगा-सीतामढ़ी रेलखंड पर चलाए गए एक विशेष टिकट जांच अभियान में 337 यात्रियों को बिना टिकट या उचित प्राधिकार के यात्रा करते हुए पकड़ा गया। इस अभियान के दौरान रेलवे ने ₹68,005 का जुर्माना वसूल किया, जो रेलवे राजस्व में महत्वपूर्ण योगदान देता है। इस अभियान की सफलता का श्रेय रेलवे की विशेष कोच ‘लाल गाड़ी’ को जाता है, जिसने टिकट जांच को और प्रभावी बनाया।

    ‘लाल गाड़ी’: टिकट जांच की नई ताकत

    समस्तीपुर रेल मंडल ने टिकट जांच को और सघन करने के लिए ‘लाल गाड़ी’ नामक विशेष कोच की शुरुआत की है। यह गाड़ी मंडल के किसी भी छोटे-बड़े स्टेशन पर अचानक पहुंचकर टिकट जांच करती है। दरभंगा-सीतामढ़ी रेलखंड पर इस गाड़ी ने अपनी प्रभावशीलता साबित की, जहां यह मेल-एक्सप्रेस और सवारी गाड़ियों में बिना टिकट यात्रियों को पकड़ने में सफल रही। लाल रंग की इस गाड़ी ने न केवल रेलवे के राजस्व को बढ़ाया, बल्कि यात्रियों में टिकट लेकर यात्रा करने की जागरूकता भी फैलाई।

    रेलवे की सख्ती का असर

    समस्तीपुर रेल मंडल के वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक अनन्या स्मृति ने बताया कि इस तरह के अभियान नियमित रूप से चलाए जा रहे हैं ताकि बिना टिकट यात्रा पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके। उन्होंने कहा, “हमारा उद्देश्य न केवल राजस्व बढ़ाना है, बल्कि यह सुनिश्चित करना भी है कि टिकट लेकर यात्रा करने वाले यात्रियों को सुविधाजनक और सुरक्षित यात्रा का अनुभव मिले।” इस अभियान में 198 टिकट निरीक्षकों (टीटीई) और रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) के जवानों की टीम ने हिस्सा लिया, जिन्होंने यात्रियों को उचित मार्गदर्शन भी प्रदान किया।

    पहले भी रही है प्रभावी कार्रवाई

    यह पहली बार नहीं है जब समस्तीपुर मंडल ने बिना टिकट यात्रियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए हैं। फरवरी 2025 में भी मंडल ने 16 घंटे के मेगा टिकट जांच अभियान में 2,521 बिना टिकट यात्रियों को पकड़ा था, जिससे ₹17.82 लाख का राजस्व प्राप्त हुआ था। इसके अलावा, अप्रैल 2025 में ही लाल गाड़ी के उपयोग से मंडल ने ₹30.60 लाख का जुर्माना वसूला था। ये आंकड़े दर्शाते हैं कि रेलवे अपनी नीति में कोई ढील नहीं बरत रहा है।

    यात्रियों से रेलवे की अपील

    रेलवे ने यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा से पहले उचित टिकट खरीदें और बिना टिकट यात्रा करने से बचें। बिना टिकट यात्रा न केवल दंडनीय है, बल्कि यह अन्य यात्रियों की सुविधा को भी प्रभावित करता है। समस्तीपुर रेल मंडल ने स्पष्ट किया है कि इस तरह के अभियान भविष्य में भी जारी रहेंगे, और ‘लाल गाड़ी’ जैसे नवाचारों के साथ टिकट जांच को और सख्त किया जाएगा।

    “बिना टिकट यात्रा एक अपराध है। यात्रियों से अनुरोध है कि वे स्टेशन पर टिकट काउंटर या ऑनलाइन माध्यम से टिकट खरीदकर सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा करें।”

    अनन्या स्मृति, वरिष्ठ डीसीएम, समस्तीपुर

    क्यों है यह खबर महत्वपूर्ण?

    यह अभियान न केवल रेलवे के राजस्व को बढ़ाने में मदद करता है, बल्कि यात्रियों में नियम-पालन की भावना को भी प्रोत्साहित करता है। ‘लाल गाड़ी’ जैसे नवाचार भारतीय रेलवे की आधुनिकता और सख्ती का प्रतीक हैं। दरभंगा-सीतामढ़ी रेलखंड जैसे व्यस्त मार्गों पर इस तरह की कार्रवाई से रेलवे की छवि और मजबूत होती है।

  • अलौली- सहरसा उद्घाटन स्पेशल ट्रेन समय सारणी जारी, पढ़े पूरी खबर

    अलौली- सहरसा उद्घाटन स्पेशल ट्रेन समय सारणी जारी, पढ़े पूरी खबर

    समस्तीपुर: अलौली और सहरसा के बीच अब जल्द ही यात्रियों को रेल सेवा मिलेगी। इसको लेकर तैयारियां पूरी हो गई है। माननीय प्रधानमंत्री 24 अप्रैल को अलौली- सहरसा रेलसेवा शुरू करने के लिए एक नई पैसेंजर ट्रेन को हरि झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। इस ट्रेन को माननीय प्रधानमंत्री झंझारपुर में हो रहे एक कार्यक्रम से विडियो क्रॉन्फ्रेंसिंग के जरिये हरि झंडी दिखाएंगे।

    अलौली- सहरसा उद्घाटन स्पेशल ट्रेन

    अलौली और सहरसा के बीच चलने वाली अलौली- सहरसा उद्घाटन स्पेशल ट्रेन 24 अप्रैल को अलौली से सुबह 11ः40 बजे खुलेगी जो कमथन 11ः50 बजे, विष्णुपुर 12ः02 बजे, खगड़िया 12ः30 बजे, मानसी 12ः42 बजे, बदलाघाट 12ः55 बजे, धर्मघाट 13ः03 बजे, फनगो हाल्ट 13ः09 बजे, कोपरिया 13ः16 बजे, सिमरी बख्तियारपुर 13ः24 बजे, सोनवर्षा कचहरी 13ः35 बजे, परमिनिया हॉल्ट 13ः42 बजे होते हुए सहरसा 14ः10 बजे पहुंचेगी।

    यह उद्घाटन स्पेशल ट्रेन 24 अप्रैल को अलौली से सुबह 11ः40 बजे खुलेगी जो 14ः10 बजे सहरसा पहुंचेगी। इसके बाद यात्री ट्रेन का समय सारणी और गाड़ी नम्बर जारी होगा जिसका नियमित परिचालन 24 अप्रैल के बाद शुरू होगा।