Star Mithila Newsमिथिला का सबसे विश्वसनीय नॉन टैबलॉयड चैनल !!
खबर

खबर सारांश

झंझारपुर निर्मली रेलखंड पैसेंजर ट्रेन के लिए नहीं बल्कि मालगाड़ी के लिए बनाया गया है झांझरपुर से होकर आज फिर एक जेसीबी (JCB) स्पेशल मालगाड़ी सरसराती हुई निकल गई। अब तो इस रूट की पटरियों और स्टेशनों की हालत देखकर साफ़ समझ आने लगा है कि यह पूरा […]

Join WhatsApp Channel
WhatsAppJoin GroupAndroid AppDownload App Now
लगभग 2 मिनट

झंझारपुर निर्मली रेलखंड पैसेंजर ट्रेन के लिए नहीं बल्कि मालगाड़ी के लिए बनाया गया है

झांझरपुर से होकर आज फिर एक जेसीबी (JCB) स्पेशल मालगाड़ी सरसराती हुई निकल गई। अब तो इस रूट की पटरियों और स्टेशनों की हालत देखकर साफ़ समझ आने लगा है कि यह पूरा रेल नेटवर्क सिर्फ़ और सिर्फ़ भारी-भरकम मालगाड़ियों का बोझ ढोने के लिए ही बना है, आम यात्रियों के लिए नहीं!

​दिन हो या रात, यहाँ मालगाड़ियों का मेला लगा रहता है। हर दिन करीब 20 से भी ज़्यादा अप और डाउन मालगाड़ियाँ झांझारपुर के सीने पर दनदनाती हुई गुज़रती हैं। दिल्ली, मुंबई, सूरत और पंजाब जैसे देश के बड़े औद्योगिक शहरों से माल भरकर आने वाली ये गाड़ियाँ झांझारपुर के रास्ते बिना किसी रुकावट के सीधे गुवाहाटी, हावड़ा, कामाख्या और असम की ओर रवाना हो जाती हैं। ताज्जुब की बात यह है कि सैकड़ों किलोमीटर लंबे इस रूट पर मालगाड़ियों के लिए रेलवे के पास चौबीसों घंटे ‘ग्रीन सिग्नल’ और पूरा ‘क्लियर पाथ’ उपलब्ध है! लेकिन जैसे ही कोई नई यात्री ट्रेन शुरू करने की बात आती है, रेलवे अफ़सरों को अचानक नक्शे पर सिर्फ़ कटिहार, खगड़िया और मानसी वाले पुराने रूट ही दिखाई देने लगते हैं।

​इस पूरे साल में झांझारपुर और मिथिलांचल के इस हिस्से को रेलवे की तरफ़ से एक भी नई स्पेशल या नियमित ट्रेन की सौगात नहीं मिली। तो क्या रेलवे के सर्वे में इस रूट पर इंसान नहीं रहते? क्या यहाँ के यात्रियों की जेब से निकला किराया रेलवे को मंज़ूर नहीं है? आखिर किस बात की सज़ा दी जा रही है इस रूट को, जो सब कुछ तैयार होने के बावजूद इसे इतनी बेरहमी से सिर्फ़ एक ‘मालगाड़ी कॉरिडोर’ बनाकर छोड़ दिया गया है?

Reporter से सवाल पूछें

आपकी प्रतिक्रियायह खबर कैसी लगी?
Join WhatsApp Channel

कमेंट

Read more →

अभी कोई स्वीकृत कमेंट नहीं है।

अपनी प्रतिक्रिया दें

अपनी प्रतिक्रिया लिखें

इस खबर पर अपनी राय या प्रतिक्रिया नीचे लिखें।

CORRECTION / REPORTइस खबर में गलती बताएं