Category: अररिया

  • झंझारपुर, फारबिसगंज के रास्ते नरकटियागंज और (सिलीगुड़ी) न्यू जलपाईगुड़ी के बीच साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन

    झंझारपुर, फारबिसगंज के रास्ते नरकटियागंज और (सिलीगुड़ी) न्यू जलपाईगुड़ी के बीच साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन

    झंझारपुर: रेलवे इस त्योहारी सीजन पर 12000 ट्रेन चलाने की घोषणा की है जिससे इस महापर्व पर लोग अपने घर आ/ जा सके। नई स्पेशल ट्रेनों की परिचालन होने से ट्रेनों भी अत्यधिक भीड़ नहीं बढ़ेगा। विभिन्न रेल मंडलों के द्वारा स्पेशल ट्रेन का परिचालन किया जा रहा है। कटिहार रेल मंडल के द्वारा न्यू जलपाईगुड़ी से फारबिसगंज, झंझारपुर, सीतामढ़ी, रक्सौल के रास्ते नरकटियागंज के बीच एक साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन चलाने का निर्णय लिया गया है। यह ट्रेन अप/ डाउन कुल 14 फेरा में चलेगी।

    गाड़ी संख्या 05738 न्यू जलपाईगुड़ी – नरकटियागंज स्पेशल प्रत्येक रविवार को 28 सितंबर से 9 नवंबर के बीच न्यू जलपाईगुड़ी से दोपहर 14ः05 बजे खुलेगी जो सिलीगुड़ी 14ः43 बजे, ठाकुरगंज 16ः16 बजे, फारबिसगंज 19ः48 बजे, झंझारपुर 22ः50 बजे सीतामढ़ी 01ः50 बजे, रक्सौल 03ः35 बजे, होते हुए नरकटियागंज 05ः00 बजे सुबह में पहुंचेगी।

    वहीं वापसी में गाड़ी संख्या 05737 नरकटियागंज – न्यू जलपाईगुड़ी स्पेशल प्रत्येक सोमवार को 29 सितंबर से 10 नवंबर के बीच नरकटियागंज से सुबह 07ः00 बजे खुलेगी जो रक्सौल 07ः55 बजे, सीतामढ़ी 09ः45 बजे, झंझारपुर 12ः15 बजे, फारबिसगंज 16ः30 बजे, अररिया 17ः08 बजे, ठाकुरगंज 19ः13 बजे, सिलीगुड़ी 20ः46 बजे होते हुए न्यू जलपाईगुड़ी 21ः30 बजे पहुंचेगी।

    अपने यात्रा के दौरान यह ट्रेन अप और डाउन दोनों दिशा में न्यू जलाईगुड़ी और नरकटियागंज के बीच सिलीगुड़ी जं0, ठाकुरगंज, अररिया, फारबिसगंज, ललितग्राम (रिभ.), सरायगढ़, झंझारपुर, सकरी, शीशो, सीतामढ़ी, बैरगनिया, रक्सौल और सिकटा स्टेशनों पर रूकेगी।

    ध्यान दें: यह ट्रेन दरभंगा जं0 नहीं जाएगी। काकरघाटी – शीशो बायपास रेल लाईन से सकरी से सीधे सीतामढ़ी की ओर जाएगी जिसका ठहराव दिल्ली मोड़ से करीब 3 किमी दूर शीशो हॉल्ट पर दिया गया है।

    न्यू जलपाईगुड़ी – नरकटियागंज – न्यू जलपाईगुड़ी स्पेशल समय सारणी
  • जोगबनी-सहरसा और दानापुर इंटरसिटी ट्रेनें LHB रेक में अपग्रेड, 30 अगस्त से शुरू | रेलवे न्यूज़

    जोगबनी-सहरसा और दानापुर इंटरसिटी ट्रेनें LHB रेक में अपग्रेड, 30 अगस्त से शुरू | रेलवे न्यूज़

    जोगबनी, 29 अगस्त 2025: भारतीय रेलवे ने यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा को बढ़ाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। रेलवे ने अधिसूचना जारी कर बताया कि 30 अगस्त 2025 से जोगबनी-सहरसा और जोगबनी-दानापुर के बीच चलने वाली इंटरसिटी ट्रेनों को आधुनिक LHB (लिंके हॉफमैन बुश) रेक में अपग्रेड किया जाएगा। यह बदलाव न केवल यात्रा को अधिक आरामदायक बनाएगा, बल्कि सुरक्षा के मानकों को भी बढ़ाएगा।अपग्रेड होने वाली ट्रेनें:

    • गाड़ी संख्या 13213/13214: जोगबनी-सहरसा-जोगबनी एक्सप्रेस (30 अगस्त 2025 से LHB रेक में)
    • गाड़ी संख्या 13212: दानापुर-जोगबनी एक्सप्रेस (30 अगस्त 2025 से LHB रेक में)
    • गाड़ी संख्या 13211: जोगबनी-दानापुर एक्सप्रेस (31 अगस्त 2025 से LHB रेक में)

    नई कोच संरचना:

    नई LHB रेक में कुल 18 कोच होंगे, जो इस प्रकार होंगे:

    • जनरल कोच: 06 (पहले 07)
    • स्लीपर कोच: 07 (पहले 06)
    • थर्ड एसी: 02 (पहले जैसा)
    • सेकेंड एसी: 01 (पहले जैसा)
    • दिव्यांग कोच: 01 (पहले 02)
    • जनरेटर कोच: 01 (नया जोड़ा गया)

    क्या हैं LHB कोच?

    LHB कोच आधुनिक तकनीक से बने हैं, जो पुराने ICF कोच की तुलना में हल्के, सुरक्षित और अधिक आरामदायक हैं। इनमें बेहतर सस्पेंशन, एंटी-क्लाइंबिंग तकनीक और आधुनिक सुविधाएं शामिल हैं, जो यात्रियों को सुरक्षित और सुखद अनुभव प्रदान करेंगी।रेलवे अधिकारियों ने बताया कि इस अपग्रेड से न केवल यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि ट्रेनों की गति और रखरखाव में भी सुधार होगा। यह कदम बिहार के रेल यात्रियों के लिए एक सकारात्मक बदलाव लाएगा।

  • जोगबनी से दक्षिण भारत के लिए सीधी ट्रेन को मंजूरी: सीमांचल के विकास में मिलेगी रफ्तार

    जोगबनी से दक्षिण भारत के लिए सीधी ट्रेन को मंजूरी: सीमांचल के विकास में मिलेगी रफ्तार

    अररिया: भारत-नेपाल सीमा पर स्थित जोगबनी रेलवे स्टेशन से दक्षिण भारत के लिए सीधी ट्रेन की मंजूरी रेलवे मंत्रालय ने दे दी है। यह ट्रेन सीमांचल क्षेत्र की सबसे लंबी दूरी की रेल सेवा होगी, जो जोगबनी से तमिलनाडु के ईरोड तक चलेगी। यह उपलब्धि सीमांचल के लिए ऐतिहासिक मानी जा रही है, क्योंकि वर्षों से क्षेत्रवासियों की दक्षिण भारत के लिए सीधी रेल सेवा की मांग थी। अररिया सांसद प्रदीप कुमार सिंह ने इस मुद्दे को लोकसभा में उठाया और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात कर इसे पूरा करवाया।

    यात्रियों को मिलेगी सुविधा

    यह ट्रेन सप्ताह में पांच दिन खगड़िया, बरौनी, हाजीपुर और सोनपुर के रास्ते चलेगी, जबकि दो दिन कटिहार और मालदा के वैकल्पिक मार्ग से परिचालित होगी। इससे न केवल यात्रियों को सुविधा होगी, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के क्षेत्र में लाखों लोगों को लाभ मिलेगा। सांसद प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि सीमांचल और नेपाल से बड़ी संख्या में लोग दक्षिण भारत की यात्रा करते हैं, लेकिन अब तक कोई सीधी ट्रेन नहीं थी। रेल मंत्री ने इस समस्या के समाधान का आश्वासन दिया था, जिसे अब पूरा किया गया है।

    रेल मंत्री का आश्वासन और सांसद की पहल

    सांसद प्रदीप कुमार सिंह ने कहा, “यह ट्रेन केवल एक रेल सेवा नहीं, बल्कि सीमांचल और अररिया के विकास की रफ्तार है।” उन्होंने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति आभार जताया। सांसद ने बताया कि अररिया में रेल ओवर ब्रिज (आरओबी) और नई ट्रेनों की मांग सहित जनता की हर समस्या को उन्होंने संसद और मंत्रालयों में प्रमुखता से उठाया है। उन्होंने दावा किया कि अररिया जल्द ही रेल हब के रूप में उभरेगा।

    नई रेल लाइनों का निर्माण

    सांसद ने बताया कि अररिया-गलगलिया और अररिया-सुपौल नई रेल लाइनों का निर्माण जल्द शुरू होगा। इसके अलावा, फारबिसगंज में सुभाष चौक पर रेल ओवर ब्रिज निर्माण की प्रक्रिया भी शीघ्र शुरू होगी। यह ट्रेन विशेष रूप से उन मरीजों के लिए वरदान साबित होगी, जो चेन्नई, हैदराबाद और बेंगलोर जैसे शहरों में इलाज के लिए जाते हैं। साथ ही, युवाओं को उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं और रोजगार के लिए सीधी रेल सुविधा मिलेगी।

    व्यवसाय और पर्यटन को बढ़ावा

    यह ट्रेन व्यवसाय, कृषि उत्पादों और ट्रांसपोर्ट के लिए मजबूत संपर्क स्थापित करेगी। धार्मिक पर्यटन के लिए रामेश्वरम और तिरुपति बालाजी की यात्रा भी सुलभ होगी। सहरसा, मधेपुरा, सुपौल, पूर्णिया, कटिहार, अररिया और बेगूसराय जिलों के साथ-साथ नेपाल के यात्रियों को भी इसका लाभ मिलेगा। नेपाल से बड़ी संख्या में लोग उच्च शिक्षा और तीर्थयात्रा के लिए दक्षिण भारत जाते हैं, जो अब तक हावड़ा या पटना के रास्ते यात्रा करने को मजबूर थे।

  • अररिया-गलगलिया रेलखंड पर 16 जून को होगा ट्रेन का प्रायोगिक रन

    अररिया-गलगलिया रेलखंड पर 16 जून को होगा ट्रेन का प्रायोगिक रन

    कटिहार, 13 जून 2025: कटिहार रेल मंडल के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में, अररिया-गलगलिया रेलखंड का निर्माण कार्य सफलतापूर्वक पूरा हो गया है। कटिहार रेल मंडल के सीनियर डीसीएम धीरज चंद्र कलिता ने बताया कि इस नवनिर्मित रेलखंड पर 16 जून 2025 को ट्रेन का प्रायोगिक रन प्रस्तावित है।

    प्रायोगिक रन एक आवश्यक प्रक्रिया है, जिसका उद्देश्य रेलवे लाइन की सुरक्षा और संचालन योग्यता की जांच करना है। सीनियर डीसीएम ने बताया कि इस रेलखंड पर वर्तमान में कोई भी लेवल क्रॉसिंग सक्रिय नहीं है। इसके बावजूद, सुरक्षा के दृष्टिकोण से स्थानीय लोगों को कुछ आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी गई है।

    उन्होंने आम लोगों, मवेशी पालकों, ग्रामीणों और बच्चों से अपील की है कि वे 16 जून को सुबह 5 बजे से रात 10 बजे तक रेलवे लाइन के आसपास न जाएं। रेलवे ट्रैक के पास खेलने या किसी भी गतिविधि में शामिल होने से बचें। ट्रैक पर किसी भी व्यक्ति या वाहन के पाए जाने पर इसे गंभीर सुरक्षा उल्लंघन माना जाएगा और संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

    सीनियर डीसीएम ने रेलखंड पर कार्यरत सभी रेलवे अधिकारियों, कर्मचारियों, ठेकेदारों, मजदूरों और तकनीकी स्टाफ से भी अनुरोध किया है कि वे प्रायोगिक रन के दौरान रेलवे ट्रैक से सुरक्षित दूरी बनाए रखें।

  • जोगबनी से पटना के बीच जल्द शुरू होगी वंदे भारत एक्सप्रेस: कटिहार डीआरएम

    जोगबनी से पटना के बीच जल्द शुरू होगी वंदे भारत एक्सप्रेस: कटिहार डीआरएम

    जोगबनी: जोगबनी से पटना के बीच कटिहार के रास्ते जल्द ही वंदे भारत एक्सप्रेस का परिचालन शुरू होने की संभावना है। इसको लेकर कटिहार डीआरएम सुरेंद्र कुमार ने 9 जून को कटिहार से जोगबनी के बीच रेलवे ट्रैक का निरीक्षण किया। निरीक्षण स्पेशल ट्रेन सुबह 10 बजे कटिहार से रवाना हुई और निर्धारित समय पर दोपहर 12 बजे जोगबनी पहुंची।

    जोगबनी स्टेशन पर डीआरएम सुरेंद्र कुमार ने सीनियर डीएसओ अमित सिंह, सीनियर डीईएन-2 शुभंकर, टीआरडी विवेक कुमार और अन्य स्थानीय अधिकारियों के साथ वाशिंग पिट, पिट लाइन और रनिंग रूम का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने संबंधित विभागों को कई दिशा-निर्देश दिए। रेल सूत्रों के अनुसार, जोगबनी से पटना के बीच वंदे भारत एक्सप्रेस के परिचालन की तैयारी के लिए कटिहार मंडल सक्रिय है।

    जोगबनी में वंदे भारत के लिए तैयार हो रहा वाशिंग पिट

    रेल सूत्रों ने बताया कि जोगबनी में बन रहा वाशिंग पिट 8 कोच वाली वंदे भारत एक्सप्रेस के रखरखाव के लिए तैयार किया जा रहा है। वाशिंग पिट का 400 मीटर हिस्सा पूरा हो चुका है, जबकि 300 मीटर का निर्माण बाकी है। इसके लिए जल्द ही नया टेंडर जारी होगा। इसके अलावा, वंदे भारत और अमृत भारत एक्सप्रेस के लिए दूसरा वाशिंग पिट भी अगले वर्ष तक तैयार हो जाएगा।

    फारबिसगंज में डीआरएम को सौंपा गया ज्ञापन

    फारबिसगंज रेलवे स्टेशन पर निरीक्षण के दौरान नागरिक संघर्ष समिति के अध्यक्ष शाहजहां शाद और सचिव रमेश सिंह के नेतृत्व में एक शिष्टमंडल ने रेल मंत्री के नाम डीआरएम को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में फारबिसगंज स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 1 और 2-3 की लंबाई बढ़ाने की मांग की गई, क्योंकि 22-24 कोच वाली ट्रेनों के लिए मौजूदा प्लेटफॉर्म छोटे हैं, जिससे यात्रियों को असुविधा होती है।

    ज्ञापन में जोगबनी-कोलकाता त्रिसाप्ताहिक एक्सप्रेस (13159/60) को प्रतिदिन चलाने, इसके आईसीएफ कोच को एलएचबी में बदलने, और प्रस्थान समय को शाम 5 बजे करने की मांग की गई। साथ ही, कटिहार से फारबिसगंज, राघोपुर, झंझारपुर, दरभंगा होकर नई दिल्ली तक एक नई सुपरफास्ट ट्रेन शुरू करने का अनुरोध किया गया।

    सीमांचल और कोसी क्षेत्र की रेल समस्याओं पर ध्यान देने की मांग

    नागरिक संघर्ष समिति ने ज्ञापन के माध्यम से रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का ध्यान जोगबनी-कटिहार और फारबिसगंज-सहरसा-दरभंगा रेल खंडों की उपेक्षा की ओर आकर्षित किया। समिति ने सीमांचल, कोसी और मिथिलांचल के रेल उपभोक्ताओं की लंबित मांगों को पूरा करने की अपील की।

  • फारबिसगंज -उदयपुर सिटी समर स्पेशल ट्रेन के परिचालन अवधि में हुआ विस्तार

    फारबिसगंज -उदयपुर सिटी समर स्पेशल ट्रेन के परिचालन अवधि में हुआ विस्तार

    फारबिसगंज (अररिया), 1 जून 2025ः भीषण गर्मी में यात्रियों को राहत देने और सुगम परिवहन सुनिश्चित करने के लिए नॉर्थ वेस्टर्न रेलवे द्वारा संचालित उदयपुर सिटी-फारबिसगंज जंक्शन समर स्पेशल ट्रेन के चार अतिरिक्त फेरों के विस्तार की घोषणा से रेल यात्रियों में खुशी की लहर है। यह ट्रेन यात्रियों के लिए अत्यंत उपयोगी साबित हो रही है और इसकी पूरी क्षमता का उपयोग हो रहा है। रेलवे की ओर से जारी विज्ञप्ति के अनुसार, ट्रेन संख्या 09623 आगामी 3 जून से 24 जून तक प्रत्येक मंगलवार को वहीं, ट्रेन संख्या 09624 आगामी 5 जून से 26 जून तक प्रत्येक गुरुवार को अपने पूर्व निर्धारित समय के अनुसार चलेगी।

    गाड़ी संख्या 09623 उदयपुर सिटी- फारबिसगंज स्पेशल 03 जून से 24 जून के बीच प्रत्येक मंगलवार को शाम 16ः05 बजे उदयपुर से रवाना होगी जो अपने पूर्व निर्धारित मार्ग से चलकर बक्सर, दानापुर, बरौनी, खगड़िया, कटिहार, अररिया होते हुए फारबिसगंज अगले दिन 05ः30 बजे पहुंचेगी।

    वहीं वापसी में गाड़ी संख्या 09624 फाबिसगंज – उदयपुर सिटी स्पेशल 05 जून से 26 जून के बीच अपने पूर्व निर्धारित मार्ग कटिहार, खगड़िया, बरौनी, दानापुर, बक्सर के रास्ते चलकर अगले दिन 01ः05 बजे उदयपुर सिटी पहुंचेगी।

    समर सीजन के दौरान यात्रियों की अत्यधिक भीड़ को कम करने के लिए लगाताई कई स्पेशल ट्रेनों का परिचालन हो रहा है। जिसके फारबिसगंज – उदयपुर सिटी स्पेशल भी दोनों ओर से फुल चल रही है, ऐसे में रेल उपभोक्ताओं के द्वारा इस ट्रेन को नियमित करने की मांग की जा रही है, तो कटिहार रेल मंडल से प्राप्त जानकारी के अनुसार जोगबनी में पिट लाईन पूरा होने के बाद इस ट्रेन का परिचालन जोगबनी से उदयपुर सिटी के बीच नियमित रूप से शुरू होने की उम्मीद है।

  • फारबिसगंज रेलवे स्टेशन पर बनेगा 20 बेड का रनिंग रूम, समस्तीपुर डिविजन ने टेंडर जारी किया

    फारबिसगंज रेलवे स्टेशन पर बनेगा 20 बेड का रनिंग रूम, समस्तीपुर डिविजन ने टेंडर जारी किया

    अररिया, 24 मई 2025: भारतीय रेलवे ने बिहार के अररिया जिले के फारबिसगंज रेलवे स्टेशन पर 20 बेड का अत्याधुनिक रनिंग रूम बनाने की योजना को मूर्त रूप देने के लिए कदम उठाया है। इसके लिए ईस्ट सेंट्रल रेलवे के समस्तीपुर डिविजन ने टेंडर जारी कर दिया है। इस रनिंग रूम के निर्माण से ट्रेन के लोको पायलट और गार्ड को आराम करने की बेहतर सुविधा मिलेगी, जिससे उनकी कार्यक्षमता में सुधार होगा।

    रनिंग रूम निर्माण की लागत और समयसीमा

    इस रनिंग रूम का निर्माण 3 करोड़ 22 लाख 4 हजार 923 रुपये की अनुमानित लागत से किया जाएगा, जिसमें बेसिक वैल्यू 3 करोड़ 6 लाख 71 हजार 356 रुपये है। समस्तीपुर डिविजन के इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट ने इस प्रोजेक्ट के लिए टेंडर जारी किया है, जिसकी अंतिम तिथि 12 जून 2025 है। निर्माण कार्य को पूरा करने का लक्ष्य नौ महीने का रखा गया है।

    रेलखंड का इतिहास और महत्व

    दरभंगा-सहरसा-फारबिसगंज रेलखंड के आमान परिवर्तन का कार्य 15 वर्षों में पूरा होने के बाद इस रेलखंड पर दानापुर, रक्सौल सहित अन्य शहरों के लिए आधा दर्जन से अधिक जोड़ी ट्रेनें संचालित हो रही हैं। फारबिसगंज, ईस्ट सेंट्रल रेलवे का अंतिम स्टेशन है। मीटर गेज के समय यहां रनिंग रूम मौजूद था, लेकिन ब्रॉडगेज में परिवर्तन के दौरान यह खंडहर में तब्दील हो गया। नए रनिंग रूम के निर्माण से न केवल लोको पायलट और गार्ड को सुविधा मिलेगी, बल्कि लंबी दूरी की नई ट्रेनों के परिचालन की संभावनाएं भी बढ़ेंगी।

    रेलवे की सुधार योजनाएं

    भारतीय रेलवे इस रेलखंड में व्यापक सुधारों पर जोर दे रहा है। फारबिसगंज स्टेशन पर रनिंग रूम का निर्माण इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह सुविधा लोको पायलट और गार्ड को लंबी यात्रा के बाद विश्राम के लिए उपयुक्त स्थान प्रदान करेगी, जिससे उनकी कार्यक्षमता और सुरक्षा में वृद्धि होगी।

  • फारबिसगंज : कटिहार-अमृतसर (वाया ललितग्राम, झंझारपुर) सहित कई ट्रेनें रद्द, यात्रियों को हो सकती है परेशानी – Katihar Amritsar Special

    फारबिसगंज : कटिहार-अमृतसर (वाया ललितग्राम, झंझारपुर) सहित कई ट्रेनें रद्द, यात्रियों को हो सकती है परेशानी – Katihar Amritsar Special

    फारबिसगंज, 12 मई 2025: फारबिसगंज होकर चलने वाली कई महत्वपूर्ण ट्रेनों को तकनीकी कारणों से रद्द कर दिया गया है। कटिहार रेलमंडल द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, परिचालनिक समस्याओं के चलते यह निर्णय लिया गया है। हालांकि, रद्द होने के सटीक कारणों का खुलासा नहीं किया गया है। इस भीषण गर्मी में ट्रेनों के रद्द होने से यात्रियों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ सकता है।

    रद्द होने वाली ट्रेनों की सूची

    • गाड़ी संख्या 15723 (जोगबनी-सिलीगुड़ी टाउन एक्सप्रेस): 12 मई, 13 मई और 15 मई को रद्द।
    • गाड़ी संख्या 15724 (सिलीगुड़ी टाउन-जोगबनी एक्सप्रेस): 16 मई और 17 मई को रद्द।
    • गाड़ी संख्या 15712 (कटिहार-हावड़ा एक्सप्रेस): 12 मई को रद्द।
    • गाड़ी संख्या 15711 (हावड़ा-कटिहार एक्सप्रेस): 13 मई को रद्द।
    • गाड़ी संख्या 05736 (कटिहार-अमृतसर स्पेशल वाया झंझारपुर): 21 मई को रद्द।
    • गाड़ी संख्या 05735 (अमृतसर-कटिहार स्पेशल वाया झंझारपुर): 23 मई को रद्द।

    रेलवे अधिकारियों ने यात्रियों से अनुरोध किया है कि वे यात्रा से पहले ट्रेनों की स्थिति की जांच कर लें।